उत्तर प्रदेश

चंद्रशेखर का यू-टर्न, नहीं लड़ेंगे PM के खिलाफ चुनाव, इस दल के समर्थन का किया ऐलान

Image result for भीम आर्मी चीफ का बड़ा ऐलान, कहा-नहीं लड़ेंगे PM के खिलाफ चुनाव, ये है वजह

लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण में पश्चिम उत्तर प्रदेश की आठ सीटों पर कड़ी सुरक्षा के बीच गुरुवार सुबह सात बजे मतदान प्रारम्भ हो गया। मतदान शाम छह बजे तक जारी रहेगा। हालांकि, जो मतदाता मतदान केंद्रों पर छह बजे तक पहुंच जाएंगे वे भी वोट दे सकेंगे।
प्रदेश की जिन आठ सीटों पर आज दूसरे चरण का मतदान हो रहा है, उनमें नगीना (सुरक्षित), अमरोहा, बुलंदशहर (सुरक्षित), अलीगढ़, हाथरस (सुरक्षित), मथुरा, आगरा (सुरक्षित) और फतेहपुर सीकरी शामिल हैं। इस चरण के मतदान में 1.42 करोड़ वोटर 85 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे। 

इस बीच एक बड़ी खबर ने लोगो को हैरानी में डाल दिया है बताते चले वाराणसी लोकसभा सीट से PM मोदी के खिलाफ चुनाव लड़ने के  ऐलान के करीब एक महीने बाद भीम आर्मी के प्रमुख चन्द्रशेखर आजाद ने अपने फैसले से यू-टर्न ले लिया है उन्होंने कहा कि बीजेपी को हराने के लिए दलित वोट संगठित रहना चाहिए और उनका संगठन सपा-बसपा-रालोद गठबंधन का समर्थन करेगा। गौरतलब है कि चन्द्रशेखर के इस यू-टर्न से कुछ ही दिन पहले बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) की प्रमुख मायावती ने उन्हें बीजेपी का एजेंट बताते हुए उन पर दलित वोट बांटने का आरोप लगाया था।

भीम आर्मी चीफ चन्द्रशेखर के बयान से साफ हो गया है कि वह अब वाराणसी संसदीय सीट से लोकसभा चुनाव 2019 नहीं लडऩे वाले हैं। चन्द्रशेखर ने कहा कि वह नहीं चाहते हैं कि किसी तरह भी उनके कारण पीएम नरेन्द्र मोदी या फिर बीजेपी को फायदा मिले। बसपा सुप्रीमो मायावती पर कहा कि वह मुझे बीजेपी का एजेंट कहती है लेकिन मैं उन्हें पीएम बनते हुए देखना चाहता हूं। चन्द्रशेखर ने कहा कि यदि मायावती ने बीएसपी के वरिठ नेता सतीश चन्द्र मिश्रा को भी प्रत्याशी बनाया तो भीम आर्मी उसका समर्थन करेगी।

मायावती की आलोचनाओं पर चन्द्रशेखर ने कहा

‘मैं 16 महीने तक जेल में था। जेल में रहते हुए मैं रोज सोचता था कि बहनजी हमारा पक्ष लेंगी, हमारे लिए लड़ेंगी लेकिन उन्होंने एक शब्द नहीं बोला। रिहाई के बाद मैंने उन्हें फोन करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।’ उन्होंने कहा, ‘हमारे अपने लोग हमें बीजेपी का एजेंट बता रहे हैं, लेकिन मैं अभी भी चाहता हूं कि वह (मायावती) प्रधानमंत्री बनें। मैं मायावती के साथ यह वाकयुद्ध अब हमेशा के लिए खत्म करना चाहता हूं। मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि हमने बीजेपी के लिए भीम आर्मी का गठन नहीं किया है।’

Back to top button