देशराजनीति

AAP को मिला अपना दल का साथ, मगर वाराणसी से उम्मीदवार नहीं होंगे केजरीवाल

'भाजपा भगाओ-भगवान बचाओ' यात्रा में संजय सिंह (फोटो-ट्विटर)

वाराणसी.  वाराणसी लोकसभा सीट से वर्ष 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ किस्मत आजमाने वाले दिल्ली के मुख्यमंत्री एवं आम आदमी पार्टी (आप) अध्यक्ष अरविंद केजरीवाल इस बार यहां चुनावी मैदान में नहीं उतरेंगे।

राज्य सभा सांसद एवं ‘आप’ के राष्ट्रीय प्रवक्ता संजय सिंह ने उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव के मद्देनजर पार्टी की योजनाओं की जानकारी देते हुए यहां संवादाताओं से कहा कि केजरीवाल इस बार वाराणसी संसदीय क्षेत्र से प्रत्याशी नहीं होंगे लेकिन पार्टी यहां के अलावा उत्तर प्रदेश के चुनिंदा क्षेत्रों में मजबूती के साथ मुकाबला करेगी। अयोध्या से शुरु हुई अपनी पार्टी की ‘भाजपा हटाओ, मंदिर बचाओ यात्रा’ का नेतृत्व कर रहे सिंह ने ‘यात्रा’ के साथ यहां पहुंचने पर श्री केजरीवाल के चुनाव लड़ने संबंधी संवाददाताओं के एक सवाल पर कहा कि पार्टी वाराणसी समेत प्रदेश के चुनिंदा क्षेत्रों में तैयारी कर रही है।

इसके बारे में आने वाले समय में घोषणा की जाएगी। ‘आप’ के उत्तर प्रदेश प्रभारी श्री सिंह ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेतृत्व वाली केंद्र एवं राज्य सरकारों पर मंदिर बनाने तथा विकास के झूठे नारे देकर भोली-भाली जनता को भ्रम में डालने तथा उसकी आड़ में इस प्रचीन धार्मिक नगरी समेत कई शहरों में बड़ी संख्या में देवी-देवताओं के प्राचीन मंदिरों को तोड़ने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि आने वाले चुनाव में देश के मतदाता उन्हें सबक सिखायेंगे। गौरतलब है कि वर्ष 2014 के आम चुनाव में वाराणसी लोकसभा क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार श्री मोदी 5,81,020 मतों के साथ विजयी हुए थे जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंदवी ‘आप’ नेता केजरीवाल को 2,09,238 मतदाताओं का समर्थन हासिल हुआ। कांग्रेस उम्मीदवार अजय राय को 75,616 और बहुजन समाज पार्टी के विजय प्रकाश जायसवाल को 60,579 मतों से संतोष करना पड़ा था।

Back to top button