डोपिंग में फंसे यूसुफ पठान, बोर्ड की ‘सजा’ पर बड़े सवाल

नई दिल्ली: टीम इंडिया में वापसी की कोशिश कर रहे ऑलराउंडर यूसुफ पठान के लिए बेहद बुरी खबर आई है. वो भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) द्वारा पिछले साल कराए गए डोप टेस्ट में फेल हो गए हैं. जाहिर है, अब बोर्ड उनको सजा देगा और वो सजा टीम में वापसी की उनकी कोशिश को झटका जरूर देगी.
पिछले घरेलू सीजन में यूसुफ ने बड़ौदा के लिए एक ही रणजी मैच खेला था. इस मैच के दौरान हुए डोप टेस्ट में उनका नमूना पॉजिटिव पाया गया. हुआ यूं था कि यूसुफ ने मैच से पहले ब्रोजिट नाम की दवा ली थी. इस दवा में प्रतिबंधित पदार्थ होता है, इसीलिए किसी भी खिलाड़ी को यह दवा लेने के लिए पहले से इजाजत लेनी पड़ती है. लेकिन दवा लेने से पहले न तो यूसुफ पठान ने ही इजाजत ली और न ही बड़ौदा टीम के डॉक्टर ने. नतीजा यह रहा कि यूसुफ डोप टेस्ट में पकड़े गए.
डोप टेस्ट का रिजल्ट पॉजेटिव आते ही बीसीसीआई ने बड़ौदा एसोसिएशन को यूसुफ को टीम में न चुनने का फरमान जारी कर दिया. अब यूसुफ अगले सत्र में भी भाग ले पाएंगे या नहीं, यह भी अभी साफ नहीं है. इसके साथ-साथ यूसुफ को लेकर बड़े सवाल भी खड़े हो गए हैं.
एक सवाल यह है कि इस महीने के आखिर में होने वाली आईपीएल नीलामी में क्या यूसुफ के नाम को शामिल किया जाएगा. दूसरा सवाल ये है कि क्या यूसुफ को भी साल 2012 आईपीएल में डोपिंग में पकड़े गए दिल्ली डेयरडेविल्स के गेंदबाज प्रदीप सांगवान की तरह 18 महीने का बैन झेलना पड़ेगा. सबकुछ बीसीसीआई पर निर्भर है.