Video: जब प्रशासन दे रहा साथ, तो मजे से करो यूपी में अवैध कब्जे

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कहते हैं कि प्रदेश में कहीं भी अवैध कब्जे नहीं होने देंगे. ये बीजेपी के चुनावी वादों में भी था. सरकार बनाने पर सीएम ने इस संबंध में शिकायतें लेने के लिए एक विशेष सेल भी बनाया. लेकिन नतीजा ढाक के तीन पात. आज भी यूपी में अवैध कब्जे हो रहे हैं, सिर्फ प्रशासनिक अधिकारियों की मिलीभगत के दम पर और अदालत के आदेशों को ताक पर रख कर.

देखें वीडियो

मऊ जनपद के थाना कोतवाली के ब्राह्मणटोला की ये जमीन विवादित है. दो परिवारों के बीच इसको लेकर झगड़ा है. मामला अदालत में भी है, केस अभी चल रहा है. इसके बावजूद प्रशासन की मिली भगत से इस विवादित जमीन पर अवैध निर्माण शुरु करा दिया गया है.

एक पक्ष कहता है कि जमीन उसकी है, जबकि दूसरा पक्ष कहता है कि जमीन का मालिकाना हक उसके पास है. इसके सबूत के तौर पर कागज कुछ दिखाए नहीं जाते, सिर्फ मुंहजबानी लंबा इतिहास बता दिया जाता है.

अब कौन सही है और कौन गलत. इस बात का फैसला तो अदालत ही करेगी. लेकिन यहां सवाल ये है कि जब अदालत ने अभी अपना फैसला नहीं सुनाया है, तो फिर प्रशासन इस निर्माण को रुकवाता क्यों नहीं. वो भी तब जबकि इस मामले की खबर पुलिस को भी दी गई और तहसील के बड़े अफसरों को भी बताया गया. लेकिन न कोई बोलने को तैयार हुआ और न कोई यहां मौके पर आया.