सीतापुर : नहीं थमा आदमखोर कुत्तों का आतंक, फिर एक मासूम हुई शिकार

प्रतीकात्मक फोटो

सीतापुर : जिले में आदमखोर कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है. खैराबाद के खैरमपुर गांव में गुरुवार को फिर कुत्तों के झुण्ड ने एक बच्ची पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. सीतापुर जिला अस्पताल ने बच्ची की हालत गंभीर होने के चलते उसे हायर सेंटर लखनऊ इलाज के लिए रेफर कर दिया गया है. पिछले 6 माह के दौरान सीतापुर के आदमखोर कुत्तों ने 13 बच्चों की जान ले ली है जबकि लगभग 3 दर्जन बच्चे इन हमलों में घायल हो चुके हैं.

कुत्तों के आगे बेबस प्रशासन
कुत्तों के आतंक पर काबू पाने में सीतापुर प्रशासन पूरी तरह से बेबस और लाचार नजर आ रहा है. डॉग कैचर दस्ते से लेकर दुधवा और पीलीभीत टाइगर रिजर्व के एक्सपर्ट भी इन आदमखोर कुत्तों का कुछ बिगाड़ नहीं पा रहे हैं. रविवार को भी कुत्तों के हमले में एक बच्ची ने जान गंवाई थी और आक्रोशित ग्रामीणों ने बच्ची का शव रख कर हाइवे पर जाम भी लगाया था और हर बार की तरह प्रशासन ने आश्वासन देकर जाम खुलवाया था. लेकिन रविवार से अब तक भी कुत्तों के हमलों में कमी नहीं आई है. बुधवार को भी कुत्तों के हमले में एक बच्ची घायल हुई थी. लगातार काम्बिंग होने के बावजूद मौका पाते ही कुत्ते फिर से हमला कर देते हैं. हालांकि प्रशासनिक दावों के मुताबिक 3 दर्जन से ज्यादा कुत्तों को टीम ने पकड़ने में कामयाबी पाई है, वही अब तक 2 दर्जन से ज्यादा कुत्तों को ग्रामीणों ने मार डाला है.

2 बच्चों ने पेड़ पर चढ़ कर बचाई जान
खैराबाद थाना क्षेत्र के खैरमपुर गांव में 10 वर्षीय बच्ची सोनम गुरुवार सुबह अपनी 12 वर्षीय बहन और एक और बच्चे के साथ खेत में गई थी. इसी दौरान अचानक आदमखोर कुत्तों के झुंड ने बच्चों पर हमला कर दिया. कुत्तों ने सोनम को दबोच लिया जबकि उसकी बहन रोली और गांव के ही एक अन्य बच्चे अनुराग ने पेड़ पर चढ़ कर जान बचाई. बच्चों की चीख-पुकार सुन गांव के लोग लाठी-डंडा लेकर बच्चों को बचाने दौड़े. गांव वालों ने जब तक कुत्तों के चंगुल से बच्ची को बचाया तब तक वह गंभीर रूप से घायल हो चुकी थी. जिला अस्पताल के डाक्टरों ने बच्ची की हालत गंभीर होने के चलते उसे लखनऊ इलाज के लिए रेफर कर दिया.