इतिहास में जो ना हुआ वो आज हुआ, सुप्रीम कोर्ट के 4 जजों ने क्यों की प्रेस कॉन्फ्रेंस

आजाद हिंदुस्तान के इतिहास में जो काम आज तक ना हुआ वो आज हो गया. सुप्रीम कोर्ट के 4 वरिष्ठ जजों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई और बोले कि न्यायपालिका में जो हालात हैं, वो लोकतंत्र के लिए ठीक नहीं हैं.

चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया दीपक मिश्रा के बाद सुप्रीम कोर्ट के दूसरे सबसे सीनियर जज जस्टिस चेलमेश्वर ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कभी-कभी होता है कि देश के सुप्रीम कोर्ट की व्यवस्था भी बदलती है. सुप्रीम कोर्ट का प्रशासन ठीक तरीके से काम नहीं कर रहा है, अगर ऐसा चलता रहा तो लोकतांत्रिक परिस्थिति ठीक नहीं रहेगी.

जस्टिस चेलमेश्वर ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा कि हमने चीफ जस्टिस से अनियमितताओं पर बात की थी. उन्होंने बताया कि चार महीने पहले हम सभी चार जजों ने चीफ जस्टिस को एक पत्र लिखा था. उस पत्र में प्रशासन से जुड़े कुछ मुद्दे हमने उठाए थे.

जस्टिस चेलमेश्वर के मुताबिक चीफ जस्टिस ने चारों जजों की बात नहीं सुनी. अब चीफ जस्टिस पर देश को फैसला करना चाहिए, हम बस देश का कर्ज अदा कर रहे हैं.

बता दें कि इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में जस्टिस चेलमेश्वर के साथ-साथ जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस मदन लोकुर और जस्टिस कुरियन जोसेफ शामिल थे.