राजनीति

महीनों बाद अखिलेश पर बरसीं मायावती, कहा- उसने मुझे फोन तक नहीं किया

लोकसभा चुनावों में सपा और बसपा का गठबंधन नाकाम रहा. यूपी की 80 सीटों में बसपा को 10 और सपा को 5 सीटें मिलीं. गठबंधन सफल नहीं होने के बाद बसपा सुप्रीमो मायावती ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से दूरी बना ली थी. इसके बाद हाल ही में उन्होंने गठबंधन भी तोड़ने का ऐलान कर दिया था. अब मायावती ने एक बार फिर अखिलेश यादव पर जमकर हमला बोला है.

खबर है कि रविवार को हुई बसपा की राष्ट्रीय स्तर की मीटिंग में मायावती ने कहा कि गठबंधन के चुनाव हारने के बाद अखिलेश ने मुझे फोन नहीं किया. सतीश मिश्रा ने उनसे कहा कि वे मुझे फोन कर लें, लेकिन फिर भी उन्होंने फोन नहीं किया. मैंने बड़े होने का फर्ज निभाया और काउंटिग के दिन 23 तारीख को उन्हें फोन कर उनके परिवार के हारने पर अफसोस जताया.

बकौल मायावती, तीन जून को जब मैंने दिल्ली की मीटिंग में गठबंधन तोड़ने की बात कही तब अखिलेश ने सतीष चंद्र मिश्रा को फोन किया, लेकिन तब भी मुझसे बात नहीं की. मायावती ने कहा कि अखिलेश ने मिश्रा से मुझे मैसेज भिजवाया कि मैं मुसलमानों को टिकट न दूं, क्योंकि उससे और ध्रुवीकरण होगा, लेकिन मैंने उनकी बात नहीं मानी.

इसके साथ-साथ मायावती ने आरोप लगाया कि मुझे ताज कॉरिडोर केस में फंसाने में बीजेपी के साथ मुलायम सिंह यादव का भी अहम रोल था. उन्होंने कहा कि अखिलेश की सरकार में गैर यादव और पिछड़ों के साथ नाइंसाफी हुई, इसलिए उन्होंने वोट नहीं किया. इसके अलावा सपा ने प्रमोशन में आरक्षण का विरोध किया था इसलिए दलितों, पिछड़ों ने उसे वोट नहीं दिया.

बता दें कि बसपा से अलग होने के बाद सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा था कि ‘यह एक प्रयोग था जो फेल हुआ और इसने हमारी कमजोरियों को उजागर किया.’ उन्होंने कहा कि भविष्य के लिए वह अपनी पार्टी के साथ इस मुद्दे पर चर्चा करेंगे.

Back to top button