उत्तर प्रदेश

अखिलेश-राजभर की खास मुलाकात, क्या दोनों आयेंगे साथ !

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सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष और प्रदेश के पूर्व मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने शुक्रवार को समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच हुई गुफ्तगू के बाद राजधानी लखनऊ में दोनों दलों के बीच गठबंधन के कयास तेज हो गये हैं।

ओमप्रकाश राजभर आज दोपहर बाद एकाएक सपा कार्यालय पहुंचे और वहां पहले से ही उपस्थित अखिलेश यादव से करीब आधे घंटे तक मंत्रणा की। दोनों नेताओं के बीच हुई वार्ता के आधिकारिक बयान हालांकि अभी तक नहीं मिले हैं, लेकिन सियासी हलके में इस बात की चर्चा तेज हो गयी है कि उपचुनाव से पहले दोनों दल गठबंधन कर सकते हैं।

लोकसभा चुनाव को लेकर सपा ने बसपा से गठबंधन किया था लेकिन चुनाव में सपा को गठबंधन का कोई फायदा नहीं हुआ और चुनाव के बाद ही बसपा सुप्रीमो मायावती ने अपने को गठबंधन से अलग भी कर लिया। इस बीच सपा के तीन राज्यसभा सांसद भी पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल हो गये। उधर, लोकसभा चुनाव के दौरान ही ओमप्रकाश राजभर ने भी भाजपा पर दबाव बनाने के उद्देश्य से अपने दल के उम्मीदवारों को चुनाव में उतार दिया था। परिणामस्वरुप उन्हें मंत्री पद से हाथ धोना पड़ा था और उनकी पार्टी लोकसभा के चुनाव में भी बुरी तरह परास्त हुई।

ऐसे में माना जा रहा है कि इस समय दोनों दलों के नेताओं को किसी नये ठौर की तलाश थी। ओमप्रकाश राजभर ने भी योगी मंत्रिमंडल से बर्खास्त होने के बाद आज पहली बार बड़ा कदम उठाया और विपक्ष के किसी नेता के साथ इतनी लंबी वार्ता की। राजधानी में इस मुलाकात के सियासी मायने निकाले जा रहे हैं कि सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी अब समाजवादी पार्टी के साथ आ सकती है। प्रदेश की 13 विधानसभा सीटों के लिए होने वाले उपचुनाव में दोनों दल गठजोड़ कर मैदान में उतर सकते हैं। राजभर 13 सीटों में से दो या तीन पर अपनी पार्टी का उम्मीदवार उपचुनाव में उतारना चाहते हैं। शायद इसीलिये वह गठबंधन की फिराक में हैं। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में राजभर ने भाजपा से गठबंधन कर चुनाव लड़ा था और पहली बार उनकी पार्टी ने चार सीटों पर जीत दर्ज की थी। योगी मंत्रिमंडल में उन्हें मंत्री भी बनाया गया था, लेकिन विवादास्पद बयानों के चलते उन्हें मंत्री पद खोना पड़ा था।

इस बीच सपा मुखिया अखिलेश यादव ने भी आज अपनी पार्टी संगठन को लेकर बड़ा फैसला किया। उन्होंने पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम को छोड़कर प्रदेश की पूरी कार्यकारिणी को भंग कर दिया। उन्होंने जिला और महानगर इकाइयों के साथ पार्टी के सभी प्रकोष्ठों को भी भंग कर दिया है। सपा सूत्रों का कहना है कि अखिलेश जल्द ही पार्टी को पुनर्गठित करेंगे।

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