लॉकडाउन: मनमानी कीमत वसूले जो दुकानदार, उसका ऐसे कराएं पक्का इलाज

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जैसा कि हम सभी जानते हैं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 मार्च रात 12 बजे से अगले 21 दिनों के लिए 3 सप्ताह के देशव्यापी लॉकडाउन की घोषणा की थी। पीएम ने यह घोषणा करते हुए कहा था कि कोरोना-वायरस को फैलने से रोकने के लिए यह उपाय नितांत आवश्यक है।

हालाँकि, 21 दिन के देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान कुछ आवश्यक सामग्री और सेवाएं इस लॉकडाउन से मुक्त भी हैं, और ऐसा इसलिए किया गया है जिससे लोगों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

हालंकि, ऐसे तमाम मामले भी प्रकाश में आ रहे हैं, जहाँ लोगों द्वारा एक विशेष प्रकार की असुविधा का सामना किया जा रहा है। अब चूँकि बाज़ारों में कम ही दुकानें खोली जा रही हैं तो दुकानदारों द्वारा मनमाने दामों पर आवश्यक वस्तुओं को बेचा जा रहा है।

उदाहरण के तौर पर, मेडिकल स्टोर पर सर्जिकल/एन 95 मास्क एवं सैनिटाइज़र के दाम, सरकार के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद, महंगे बेचे जा रहे हैं। यही नहीं, इन वस्तुओं की कालाबाजारी भी धड़ल्ले से की जा रही है।

इसके मद्देनजर, सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार (3 अप्रैल) को केंद्र सरकार द्वारा सैनिटाइज़र और मास्क की कालाबाजारी रोकने के उपायों के क्रियान्वयन के संबंध में प्रस्तुत की गई अधिसूचनाओं को नोट करते हुए, कोरोना वायरस के प्रकोप के मद्देनजर उसके समुचित पालन का निर्देश भी दिया।

यह हाल सिर्फ मेडिकल स्टोर का ही नहीं है, किराना स्टोर पर भी घरेलू आइटम (जैसे कि दाल, चावल, चीनी, चायपत्ती इत्यादि) को मनचाहे दाम पर बेचा जा रहा है। वहीँ, कुछ मामले एक्सपायर्ड आइटम की बिक्री के भी प्रकाश में आ रहे हैं।

ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि एक आम उपभोक्ता, इन सबकी शिकायत कहाँ दर्ज कराये और वह अपनी समस्या का निदान कहाँ प्राप्त करे? मौजूदा लेख में हम इसी विषय पर चर्चा करेंगे और आपको यह बताएँगे कि ऐसी समस्या का निदान आप किस प्रकार से प्राप्त कर सकते हैं।

इससे पहले कि हम इस लेख की शुरुआत करें, आपके लिए यह जानना जरुरी है कि इस लेख में हम तीन तरीकों से ऐसे मामलों की शिकायत दर्ज कराने पर चर्चा करने वाले हैं।

आप अपनी सुविधा के अनुसार मनचाहा तरीका चुन सकते हैं और शिकायत दर्ज करा सकते हैं। आइये, उन तरीकों को समझने की शुरुआत करते हैं।

[पहला तरीका] कंज्यूमर मामले के मंत्रालय के पास दर्ज कराएँ शिकायत

जब भी आपको कोई दुकानदार एमआरपी (MRP) से अधिक मूल्य पर सामान बेचने की कोशिश करे, तो आप तुरंत उसकी शिकायत कंज्यूमर मामले के मंत्रालय (Ministry of Consumer Affairs) के पास दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए आप ईमेल, टेलीफोन या एसएमएस सेवा के जरिये शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

आइये जानते हैं कैसे:-

A. यदि आप ईमेल के जरिये शिकायत दर्ज करवाना चाहते हैं तो अपने मामले को consumerhelpline.gov.in पर (खरीदी गयी वस्तुओं की रसीद, ऑडियो/विडियो क्लिपिंग्स के साथ, यदि मौजूद हो तो) भेज सकते हैं।

B. यदि आप फ़ोन के जरिये शिकायत दर्ज करवाना चाहते हैं तो कंज्यूमर टोल फ्री नंबर 14404 या फिर 1800-11-4000 पर फोन करके आप शिकायत दर्ज करवा सकते हैं।

C. इसके अलावा, यदि आप एसएमएस के जरिये शिकायत दर्ज करवाना चाहते हैं, तो आप अपने मामले को 8130009809 नंबर पर भेजकर भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। जैसे ही आपका एसएमएस मंत्रालय को मिलता है, वैसे ही कंज्यूमर को फोन किया जाता है और उसकी शिकायत दर्ज/सुनी की जाती है।

[दूसरा तरीका] कोरोना राष्ट्रीय एवं राज्य हेल्पलाइन के पास दर्ज कराएँ शिकायत

यदि आप चाहें तो आप अपने राज्य या राष्ट्रीय कोरोना हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करके भी इस सम्बन्ध में जानकारी दे सकते हैं कि दुकानदार द्वारा आपसे किसी वस्तु का एमआरपी से अधिक मूल्य वसूला जा रहा है, या आपको एक्सपायर्ड माल बेचा जा रहा है (या जैसा भी मामला हो)। इस हेल्पलाइन नंबर पर आपकी सम्पूर्ण मदद की जाती है।

हम नीचे प्रमुख राज्यों के कोरोना हेल्पलाइन नंबरों के साथ-साथ राष्ट्रीय कोरोना हेल्पलाइन नंबर भी मुहैया करा रहे हैं, जिससे आपको नंबर पर कॉल करते हुए अपनी शिकायत दर्ज कराने में आसानी हो।

जब आप इन नंबरों पर कॉल करते हैं, तो आपसे आपकी समस्या के बारे में पूछा जाता है, और उस समस्या का निदान किया जाता है। हालाँकि, कई मामलों में आपको एरिया के लोकल पुलिस से कनेक्ट कर दिया जाता है, जो अंततः आपकी समस्या का निदान करते हैं।

आप अपने राज्य के मुताबिक निम्नलिखित नम्बरों पर संपर्क कर सकते हैं।

राष्ट्रीय हेल्पलाइन – +91-11-23978046

उत्तर प्रदेश – 18001805145, 0522-2237515

दिल्ली – 011-22307145, 011-23831077

राजस्थान – 0141-2225624

बिहार, गुजरात, उत्तराखण्ड, पंजाब, मध्य-प्रदेश – 104

छत्तीसगढ़, गोवा, हिमाचल-प्रदेश, झारखण्ड, तेलंगाना – 104

हरियाणा – 8558893911

महाराष्ट्र – 020-26127394

चंडीगढ़ – 9779558282

पश्चिम बंगाल – 1800313444222, 03323412600

आंध्र प्रदेश – 0866-2410978

[तीसरा तरीका] लोकल पुलिस के पास दर्ज कराएँ शिकायत

इस तरीके के माध्यम से आप लोकल पुलिस की मदद ले सकते हैं। हालाँकि, कोरोना महामारी के बीच हर व्यक्ति इतना घबराया हुआ है कि वह घर से निकलने या ज्यादा देर घर से बाहर रहने में डरता है (और यह जरुरी भी है कि आप कम से कम घर से बाहर रहें), इसलिए थाने जाने में शायद आपको हिचकिचाहट हो।

ऐसे में, आपके लिए सबसे उचित उपाय ‘100’ या ‘112’ नंबर पर डायल करना होगा। इसे इमरजेंसी या पुलिस सेवा के तौर पर आमतौर पर जाना जाता है। यहाँ पर बात करके भी आप अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं और निदान प्राप्त कर सकते हैं।

इसके अलावा, आप अपने नजदीकी थाने के इन-चार्ज का नंबर भी इस हेल्पलाइन से प्राप्त करके उनसे बात करके उनको अपनी समस्या बता सकते हैं।

लोकल पुलिस से संपर्क करना इसलिए अधिक लाभदायक हो सकता है क्योंकि वह सीधे तौर पर आपके इलाके में मौजूद होता है, इसलिए वह आपकी समस्या का निदान करने की सबसे अच्छी स्थिति में होता है।

इसके अलावा, आप ट्विटर (Twitter) के माध्यम से भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। आपको इसके लिए ट्विटर पर बस एक अकाउंट चाहिए होगा, और आपको अपने शहर/जिले की पुलिस का ट्विटर हैंडल पता होना चाहिए, जोकि एक सामान्य सर्च से आपको मिल जायेगा।

इसके बाद आपको संक्षेप में दुकान और दुकानदार का नाम (यदि ज्ञात हो तो), उसका पता, वस्तु और अन्य जरुरी बातें लिख कर पुलिस के ट्विटर हैंडल को टैग करना होगा।

आमतौर पर, इसका जवाब आपको शहर/जिले की पुलिस के ट्विटर हैंडल की ओर से जल्द ही मिल जाता है, और आपसे संपर्क करने का सूत्र माँगा जाता है, आप उसे वहीँ साझा करें। जल्द ही आपसे संपर्क किया जाता है, और आपकी समस्या सुनी जाती और उसका निदान किया जाता है।

इन बातों का रखें विशेष ध्यान

यह तो हम सभी जानते हैं कि एक जागरूक ग्राहक को कुछ चीज़ों को भी ध्यान में रखना होता है। और यदि आप यह उम्मीद करते हैं कि आपको एक नागरिक होने के नाते, अपने अधिकारों से वंचित न किया जाये, तो यह आपका कर्त्तव्य बनता है कि आप अपनी जिम्मेदारी का एहसास भी करें।

इस खंड में हम उन्ही जिम्मेदारियों के विषय में चर्चा करेंगे। दरअसल, यह जिम्मेदारियां आपके अपने भले के लिए हैं, जिनको ध्यान में रखते हुए न केवल आप अपनी समस्या का निदान बेहतर ढंग से प्राप्त कर पाएंगे, बल्कि आप पुलिस एवं शासन प्रणाली की मदद भी कर सकेंगे।

इससे पहले कि आप दुकानदारों द्वारा मनचाहे दामों की वसूली (या अन्य किसी शिकायत) को लेकर अपनी शिकायत ऊपर बताये गए किसी भी फोरम में करें। आपको कुछ बातों को ध्यान में रखना चाहिए। उन्ही कुछ बातों को निम्नलिखित पॉइंट्स में सारगर्भित किया जा सकता है:-

1. कभी भी दुकानदार का नाम, उसकी दुकान का नाम, उसका पता नोट करना न भूलें। हालाँकि, यह हर बार संभव नहीं हो पाता, फिर भी दुकानदार की शिकायत करने से पहले यह अवश्य सुनिश्चित करलें की जरुरत पड़ने पर, दुकान एवं दुकानदार की पहचान कर पाने में आप सक्षम हैं या नहीं।

2. यदि हो सके, तो दुकानदार द्वारा एमआरपी से अधिक मूल्य मांगे जाने का विडियो अवश्य बना लें, हालाँकि यह हर बार संभव नहीं हो पाता। ऐसे में, दुकानदार से अपनी बातचीत का ऑडियो अवश्य रिकॉर्ड करलें (इसके लिए अपने साथ मोबाइल अवश्य रखें) जहाँ वह आपसे अधिक मूल्य की मांग कर रहा है। आमतौर पर पुलिस द्वारा एवं कोरोना हेल्पलाइन पर इस ऑडियो/विडियो की मांग की जाती है।

3. हमेशा वस्तुएं खरीदने से पहले यह जरुर सुनिश्चित करलें कि उस वस्तु का दाम क्या है, और यदि वस्तु पर कोई दाम नहीं लिखा है (जैसे खुले में बिकने वाला आइटम) तो उसका बाज़ार में आम तौर पर मूल्य क्या है, इसकी जानकारी शिकायत दर्ज कराने से पहले अवश्य करलें, क्योंकि हो सकता है कि दुकानदार ने वास्तव में आपको वस्तु उचित मूल्य पर बेची हो।

अंत में, यह कहना उचित होगा कि यदि आप इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए वस्तुएं खरीदेंगे तो आप एक सजग ग्राहक के तौर पर अपने अधिकारों के प्रति सचेत रहेंगे और अन्य लोगों को भी इसके प्रति सचेत रहने के लिए प्रेरित कर पाएंगे।

[मौजूदा लेख, दुकानदारों द्वारा वसूले जा रहे मनचाहे दामों को लेकर, लेखक द्वारा कोरोना हेल्पलाइन एवं लोकल पुलिस के समक्ष दर्ज करायी गयी शिकायत से सम्बंधित वास्तविक अनुभवों पर आधारित है।]