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बिहार चुनाव से पहले राजद हुआ अलर्ट, 3 विधायकों को पार्टी से किया बाहर, लेकिन अपने समधी पर दिखाई दरियादिली

पटना
बिहार विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने अपने तीन विधायकों पर निष्कासन की कार्रवाई की है। आरजेडी ने अपने तीन विधायकों- महेश्वर प्रसाद यादव, प्रेमा चौधरी और फराज फातमी को पार्टी विरोधी गतिविधियों के लिए निष्कासित कर दिया। आरजेडी ने तीनों विधायकों को पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित किया है।

आरजेडी के राष्ट्रीय महासचिव आलोक मेहता ने इस बात की जानकारी दी है। आलोक मेहता ने कहा है कि यह तीनों विधायक पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल थे। लिहाजा राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू यादव के निर्देश पर इन सभी को 6 वर्ष के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है।

सोमवार को ‘लालटेन’ थाम सकते हैं जेडीयू नेता श्याम रजक
वहीं दूसरी तरफ सोमवार को जेडीयू नेता और बिहार के उद्योग मंत्री श्याम रजक आरजेडी की ‘लालटेन’ थाम सकते हैं। सूत्र के अनुसार, श्याम रजक के साथ जेडीयू के दो विधायक और सरकार में मंत्री भी श्याम रजक के साथ आरजेडी जॉइन कर सकते हैं।

महेश्वर प्रसाद यादव कौन?
महेश्वर प्रसाद यादव मुजफ्फरपुर के गायघाट से RJD के विधायक हैं। बिहार की महागठबंधन सरकार गिरने के बाद से ही वो RJD के लिए सिरदर्द बने हुए थे। महेश्वर लगातार नीतीश कुमार की नीतियों की तारीफ कर रहे थे।

कौन हैं फराज फातमी?
फराज फातमी पूर्व केंद्रीय मंत्री और राजद के कद्दावर नेता रहे अली अशरफ फातमी के बेटे हैं। पिछले साल लोकसभा चुनाव में टिकट नहीं मिलने की वजह से अली अशरफ फातमी ने राजद छोड़ दिया था और चुनाव के बाद जदयू का दामन थाम लिया था।इसी साल फराज जदयू के भोज चूड़ा-दही भोज में शामिल हुए थे और RJD से अपनी नाराजगी साफतौर पर जाहिर कर दी थी।

कौन हैं प्रेमा चौधरी?
प्रेमा चौधरी वैशाली के पातेपुर से RJD की विधायक हैं। वो भी काफी समय से पार्टी लाइन के खिलाफ चल रही थीं। इसी साल मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की मानव श्रृंखला में शामिल होकर उन्होंने बगावत का ऐलान कर दिया था।


ऐसा माना जा रहा है कि यह तीनों विधायक पहले से ही जेडीयू में जाने का मन बना चुके हैं। महेश्वर यादव लगातार पार्टी में रहते हुए नीतीश कुमार की तारीफ कर रहे थे, जबकि फराज फातमी के पिता अली अशरफ फातमी ने जब से जेडीयू का दामन थामा, तब से फराज फातमी के जेडीयू में जाने की चर्चा तेज हो चुकी थी।

एक बागी को निकालने से RJD का परहेज
हालांकि RJD ने अपने एक और बागी चंद्रिका राय पर कोई कार्रवाई नहीं की है। चंद्रिका राय तेजप्रताप के ससुर भी हैं। तेजप्रताप का अपनी पत्नी यानि चंद्रिका राय की बेटी ऐश्वर्या राय से तलाक का मुकदमा भी चल रहा है। वहीं दूसरी तरफ तेजस्वी ने चंद्रिका राय की भतीजी करिश्मा को हाल ही में पार्टी में शामिल कराया था। जाहिर है कि चुनाव के वक्त लालू पारिवारिक मामले से जुड़े होने के चलते चंद्रिका राय पर कोई कार्रवाई नहीं करना चाहते। इससे चुनाव में उन्हें नुकसान का डर है।

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